मोंटे कार्लो की शानदार यात्राओं और महल जैसे वन्यू में एक अलग ही माहौल था जब क्रिकेट और फुटबॉल की दुनिया के बड़े नाम एक साथ आए थे। हालांकि, यह तुरंत ही स्पष्ट हो गया कि दोस्ती के लिए आयोजित वह खेल किसी भी तरह प्रैक्टिकल प्रतिस्पर्धा से भिन्न है।
तेनीस के महान खिलाड़ी नोवक जोकोविच, 20 बार ग्रैंड स्लैम विजेता, जिन्होंने अपना करियर उच्चतर स्तर पर बना रखा है, उन्होंने मंगलवार को मोंटे कार्लो में एक अनौपचारिक फुटबॉल सेशन में हिस्सा लिया। उनके साथ खेल रहे थे नेयमार जूनियर और मार्को वर्रात्ति, जो पेरिस सेंट जर्मेन (PSG) के सुपरस्टार हैं। यह मिलन लोगों के लिए एक बड़ी आकर्षण बन गया, खासकर जब दोनों खेलों के सबसे बेहतरीन खिलाड़ियों ने 'कीपी-अप्स' (keepy-ups) में आपस में कौशल दिखाया।
फुटबॉल फ्रीडाइ और उसके परिणाम
यहाँ बात सिर्फ मैदान पर गोल करने की नहीं थी, बल्कि कौशल और समन्वय की थी। भीड़ ने देखा कैसे टेनिस के 'किंग' और फुटबॉल के स्टार्स ने एक-दूसरे का कौशल देखा। यहाँ तक कि जोकोविच ने इस दोस्ताना सत्र में हावी होने से पहले हार मान ली। यह क्षण काफी हद तक खुशी से भरा था, जहाँ तनाव छिटपुट था।
लेकिन, कहानी यहीं पर रुकती नहीं है। उसी दिन शाम होते-होते माहौल बदल गया। जोकोविच जब टाइटेनीस कोर्ट पर पहुंचे, तो वहां उनकी वास्तविकता सामने आई। इस घटनाक्रम ने दर्शाया कि खेल का एक रूप दूसरे से कितना अलग होता है।
मोंटे कार्लो मास्टर्स में निराशाजनक हार
उसी दिन, मोंटे कार्लो मास्टर्समोंटे कार्लो में अपनी पहली मैच में उन्हें भारी धक्का लगा। अपने पहले मैच में वे 46वें रैंक वाले स्पेनिश खिलाड़ी एलेजंद्रो डेविडोविच फोकिना के सामने नहीं चल पाए।
स्कोरकार्ड कहता था 6-3, 6-7 (5/7), 6-1। यह कोई सामान्य हार नहीं थी। जोकोविच, जो हमेशा से स्क्वायर में सर्विंग में मजबूत रहते हैं, उन्होंने पूरे मैच के दौरान आठ बार सर्व सेव ड्रॉप किया। ऐसा अक्सर तभी होता है जब किसी बड़े खिलाड़ी के साथ कुछ गड़बड़ होती है। यह परिणाम टूर्नामेंट से उनको बाहर निकाल गया, जिससे प्रशंसकों में निराशा फैली।
आउस्ट्रेलियन ओपन और वैक्सीन स्थिति का असर
यह हार सिर्फ एक मैच का संघर्ष नहीं थी। यह साल का उनका दूसरा टूर्नामेंट था। ऑस्ट्रेलियन ओपन से उनकी अनुपस्थिति ने उनके शेड्यूल को बिगड़ दिया था। रिपोर्ट्स बता रही थीं कि वे अपने कोविड टीकाकरण स्थिति की वजह से उस बड़े ग्रैंड स्लैम इवेंट से हट गए थे।
ज्यादातर समय इस चीज का सीधे प्रभाव होता है। जब कोई खिलाड़ी प्रतियोगिता से बाहर रहता है, तो वह नियमित रूप से क्लिक नहीं करता है। इसलिए, मोंटे कार्लो में उनकी इस खराब पकड़ ने उन्हें और उजागर किया। यह गैप उनकी फॉर्म को ठंडा कर सकता है, खासकर जब वो महीनों बाद वापसी करते हैं।
PSG टीम की हालिया सफलता और जुनून
दूसरी तरफ, PSG के खिलाड़ी बहुत अच्छे मूड में थे। नेयमार और वर्रात्ति ने मोंटे कार्लो की यात्रा तब की थी जब उनकी टीम ने लेग 1 में क्लेरमोंट को 6-1 से हराया था। उस मैच में नेयमार ने हैट्रिक का कमाल दिखाया।
इसी जीत का जश्न मनाने के बाद इनका मनोभाव बहुत ऊंचा था। किलियन एंबाप्पे ने भी उसी मैच में तीन गोल किए थे। वहीं, लाईओनेल मेसी ने तीन गोल असाइन दिए। उनकी टीम के इस आक्रामक आगे बढ़ने की वजह से ये खिलाड़ी फुटबॉल के मैदान पर अधिक आत्मविश्वास के साथ मौजूद थे।
Frequently Asked Questions
नोवक जोकोविच ने ऑस्ट्रेलियन ओपन क्यों छोड़ा?
जोकोविच ने कोविड वैक्सीनेशन पासपोर्ट नीति के कारण ऑस्ट्रेलियन ओपन से अपनी उपस्थिति रद्द कर दी थी। इसने उनके प्रारंभिक वर्ष के शेड्यूल को प्रभावित किया और उन्हें सीधे यूरोपीय टूर्नामेंट में खेलना पड़ा।
फुटबॉल सेशन में कौन शामिल था?
नोवक जोकोविच, नेयमार जूनियर और मार्को वर्रात्ति ने मोंटे कार्लो में दोस्ताना फुटबॉल सेशन में हिस्सा लिया। इस घटना ने स्थानीय श्रद्धालुओं और प्रशंसकों दोनों का ध्यान आकर्षित किया।
मोंटे कार्लो मैच में जोकोविच का प्रदर्शन कैसा रहा?
वे अपनी सर्विंग में कई बार गिर गए और आठ बार सर्व ड्रॉप किया। अंत में उन्होंने तीन सेट में हार मान ली और टूर्नामेंट से बाहर हो गए। यह उनके लिए निराशाजनक प्रदर्शन था।
PSG ने हालिया मैच में कौनसा स्कोर बनाया?
पेरिस सेंट जर्मेन ने लिग 1 में क्लेरमोंट को 6-1 से हराया था। नेयमार और एंबाप्पे ने हर ओर हैट्रिक लगाई थी जबकि मेसी ने असिस्ट किए थे, जिससे टीम का मानो भाव उत्साहित हुआ।